डिंडोरी जिले के मेंहदवानी क्षेत्र में कुपोषण के खिलाफ प्रशासनिक मुहिम पूरी तरह से सक्रिय हो गई है। मुख्यमंत्री जन विश्वास शिविर के अंतर्गत महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री बाल आरोग्य संवर्धन कार्यक्रम के तहत क्षेत्र में अति गंभीर कुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण की स्थिति में सुधार लाने के लिए एक विशेष अभियान चलाया गया।
कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया और जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री श्याम सिंगौर के कुशल निर्देशन एवं मार्गदर्शन में 21 अगस्त 2026 को मेंहदवानी सहित जिले के समस्त अति गंभीर कुपोषित बच्चों के घरों पर परियोजना अधिकारियों, पर्यवेक्षकों और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा सघन गृह भ्रमण किया गया। भ्रमण के दौरान बच्चों के अभिभावकों को उनके उचित खान-पान, पोषण आहार, स्वच्छता और स्वास्थ्य देखभाल के संबंध में आवश्यक समझाइश दी गई।
जांच के दौरान ऐसे अति गंभीर कुपोषित बच्चे, जो पोषण पुनर्वास केंद्र यानी NRC में भर्ती होने के निर्धारित मापदंडों के अंतर्गत पाए गए, उन्हें आवश्यकतानुसार तुरंत NRC में भर्ती कराया गया। इसी कड़ी में जिलेभर में कुल 306 अति कुपोषित बच्चों की देखरेख सुनिश्चित की गई है। विशेष रूप से मेंहदवानी क्षेत्र की आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा जन विश्वास शिविर के दौरान नियमित फील्ड विजिट कर 49 अति गंभीर कुपोषित बच्चों को आवश्यक दवाइयों के उपयोग एवं पोषण आहार के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। साथ ही, घर-घर जाकर गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं तथा 6 माह से 3 वर्ष तक के बच्चों को टेक होम राशन (THR) का सुचारू वितरण किया गया।
इस विशेष अभियान को चलाने का मुख्य उद्देश्य अति गंभीर कुपोषित बच्चों की समय पर पहचान कर उनका उचित उपचार और पोषण संबंधी आवश्यकताओं की पूर्ति सुनिश्चित करना है, ताकि जिले के हर बच्चे को एक स्वस्थ और सुपोषित भविष्य मिल सके।

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