चौकी प्रभारी अतुल हरदहा और उनकी टीम ने दिखाया कमाल, कसईसोंडा से लापता हुई थी बच्ची
डिण्डौरी (विक्रमपुर):
विक्रमपुर चौकी क्षेत्र में सोमवार को एक बड़ी दुर्घटना या अनहोनी की आशंका उस समय टल गई, जब पुलिस ने महज एक घंटे के भीतर ही लापता हुई 6 वर्षीय मासूम बच्ची को सकुशल ढूंढ निकाला। पुलिस की इस तत्परता और त्वरित एक्शन से जहाँ एक तरफ पुलिसिंग का मानवीय चेहरा सामने आया है, वहीं दूसरी तरफ सदमे में डूबे परिजनों को एक घंटे के भीतर ही उनकी जिगर का टुकड़ा सुरक्षित वापस मिल गया।
मात्र 60 मिनट में पुलिस ने दिखाया कमाल
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दिनांक 28 सितंबर 2026 को शाम करीब 05:00 बजे चौकी विक्रमपुर अंतर्गत कसाईसोंडा निवासी श्रीमती उर्मिला मार्को (पति स्व. श्री शंकर सिंह मार्को) की 6 वर्षीय पुत्री अचानक घर से लापता हो गई थी। शाम के वक्त बच्ची के अचानक गायब होने से परिवार में कोहराम मच गया और माता-पिता की सांसें थम गईं। बिना एक पल गंवाए परिजन तुरंत चौकी विक्रमपुर पहुँचे और पुलिस को घटना की जानकारी दी।
सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी अतुल हरदहा ने मामले की गंभीरता को समझते हुए बिना किसी औपचारिकता में वक्त गंवाए तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया। पुलिस ने समय की नजाकत को भांपते हुए युद्ध स्तर पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया।
सघन तलाश और महफूज वापसी
चौकी प्रभारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कसाईसोंडा क्षेत्र, आसपास के मोहल्लों और पूरे कस्बे में ताबड़तोड़ तलाश शुरू की। एएसआई संतोष वांसकर, प्रधान आरक्षक जगत नेताम, आरक्षक रिंकू और आरक्षक संत राम की टीमों ने घर-घर और गलियों में सघन पूछताछ व खोजबीन की। पुलिस की इस सुपरफास्ट और मुस्तैद कार्यवाही का असर यह हुआ कि सूचना मिलने के महज घंटे के भीतर ही लापता बालिका आव्या मार्को को दूसरे मोहल्ले के पास सकुशल बरामद कर लिया गया।
परिजनों ने जताया आभार
पुलिस ने सुरक्षित तरीके से बच्ची को उसकी माता श्रीमती उर्मिला मार्को के सुपुर्द किया। महज एक घंटे के भीतर अपनी लाडली को सही-सलामत वापस पाकर परिजनों की आँखें भर आईं और उन्होंने चैन की सांस ली। इस सराहनीय और त्वरित कार्यवाही के लिए परिजनों ने डिण्डौरी पुलिस और पूरी टीम का हृदय से आभार व्यक्त किया है। डिण्डौरी पुलिस की इस शानदार कार्यशैली ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि खाकी वाकई "आपकी सुरक्षा, हमारी जिम्मेदारी" के वादे पर पूरी तरह खरी उतरती है।
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